#नई महायोजना लागू होने से पहले सभी गोरखपुर की 73 अवैध कॉलोनियां होंगी ध्वस्त, चलेगा बुलडोजर#

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नई महायोजना 2031 के वजूद में आने से पहले ही प्लाटिंग कर बसाई गईं सभी 73 अवैध कॉलोनियां ध्वस्त होंगी। इन कॉलोनियों में गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) की ओर से बुलडोजर चलाया जाएगा। महायोजना लागू होने के बाद भू-प्रयोग के मुताबिक कंपाउंडिंग कराकर जो कालोनाइजर, अपनी कॉलोनियों का ले-आउट स्वीकृत कराने के लिए राजी होंगे, उन्हें राहत दी जाएगी। बाकी पर सख्ती बरकरार रहेगी।

अनियोजित विकास रोकने के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश के बाद प्राधिकरण ने दिसंबर 2022 में सर्वे कराकर प्लाटिंग कर बसाई जा रही 26 अवैध कॉलोनियां चिह्नित की थीं। सर्वे में ड्रोन की भी मदद ली गई थी ताकि इन कॉलोनियों का क्षेत्रफल समेत कई अन्य वास्तविक आंकड़े सामने आ सकें। इन कॉलोनियों पर कार्रवाई शुरू करने के साथ ही प्राधिकरण ने सर्वे का सिलसिला भी आगे बढ़ाया।

वर्तमान में प्राधिकरण 73 ऐसी अवैध कॉलोनियां चिह्नित कर चुका है। ये सभी वे कॉलोनियां हैं, जहां आबादी नहीं विकसित हो सकी है। सिर्फ कॉलोनी का मुख्य द्वार और बाउंड्रीवाल कराकर भीतर प्लाटिंग काटी गई है। प्लाट के क्षेत्रफल की पहचान के लिए तीन से चार फीट की बाउंड्रीवाल चलाई गई है। यहां आबादी बसने के पहले जीडीए इन्हें ध्वस्त करा देना चाहता है ताकि बाद में किसी तरह की कानूनी अड़चन न आए।

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दिसंबर से मार्च तक प्राधिकरण 19 अवैध कॉलोनियां ध्वस्त करा चुका था। निकाय चुनाव की वजह से बीच में अभियान प्रभावित हुआ। मगर, अब फिर से कार्रवाई शुरू कर दी गई है। मंगलवार को भी दो कॉलोनियां ध्वस्त कराई गईं। यानी अब तक कार्रवाई की जद में 21 अवैध कॉलोनियां आ चुकी हैं।

जीडीए के प्रभारी मुख्य अभियंता किशन सिंह का कहना है कि कार्रवाई तेजी से चल रही है। जल्द ही सभी कॉलोनियां ध्वस्त करा दी जाएंगी। नई महायोजना लागू होने के बाद निगरानी और तेज कर दी जाएगी ताकि कोई नई अवैध कॉलोनियां न बस सकें।

प्राधिकरण की नई महायोजना में कई स्थानों का भू-प्रयोग भी बदल गया है। प्रस्तावित महायोजना पर मिली आपत्तियों के निस्तारण के बाद जीडीए बोर्ड से इसे स्वीकृति भी मिल चुकी है। प्रस्ताव शासन स्तरीय समिति के पास भेजा गया है। सब कुछ ठीक रहा तो इस समीति की स्वीकृति के बाद शासन स्तर से ही नई महायोजना लागू कर दी जाएगी।

ये हैं जीडीए द्वारा चिह्नित अवैध कॉलोनियां
अनंत सिंटी, अनंत सिटी फेज एक सेमर डाढ़ी, एसबीडी जंगल कौड़िया, स्काई लाईट इंफ्रा टेक प्राइवेट लिमिटेड जंगल कौड़िया, रिस्ता इन्क्लेव, हरिप्रिया सिटी सेमर डाढ़ी, हरिप्रिया सिटी फेज 2 सेमर डाढ़ी, सर्वोदय कॉलोनी प्रेम नगर, संस सिटी जंगल कौड़िया, स्वेता बिहार न्यू डेवलपर्स सेमर डाढ़ी, प्रभुत्त नगर सेमर डाढ़ी, दिव्य प्रकाश, स्वेता बिहार-2 सेमर डाढ़ी, डालफिन ग्रीन सिटी विशुनपुर, आयुष गोल्फ सिटी विशुनपुर, त्रिरूपति ग्लेक्सी विशुनपुर, क्लासिक ग्रीन सिटी, बहरामपुर, माडापार(एक व 22 एकड़ में दो कॉलोनी), माडापार गोरखपुर आदर्श सिटी, अंबे सिटी जंगल धूसड़, मौजा सुभाष अली, श्री नारायण बिल्डर्स एवं कॉलोनाइजर्स बुढि़या माई नगर, बुढि़या माई ग्रीन गार्डेन रूदलापुर, रामपुरम कॉलोनी, माड़ापार रामचंद्रर नगर, आरव सिटी बहरामपुर, नूतन बिहार, गुलरिया, बिछिया, बहरामपुर(दो और 250 एकड़ में दो कॉलोनी), न्यू बंधन सिटी मोतीराम अड्डा, रामनगर करजहां, बंजारी टोला गुल मोहर सिटी, प्लेटिनम पैराडाइज मोतीराम अड्डा, समृद्धिनगर मोतीराम अड्डा, एजीएल पैराडाइज देवीपुर, मोतीराम अड्डा(चार एकड़), अभिषेकपुरम रामनगर करजहां, रामनगर करजहां(दो एकड़), रामनगर करजहां( तीन एकड़), वसुंधरा सिटी, ताल नदौर बेलीपार, सिंहापुर स्मार्ट सिटी, ताल नदौर बेलीपार, बाला जी सिटी शिवघाट बनारस रोड, टीचर्स कॉलोनी, गायघाट(दो एकड़), बाबा जी ग्रिपेज बनारस रोड, कोनी (दो एकड़), तालनंदौर बनारस रोड(दो एकड़), रामनगर कड़जहां (चार एकड़), इंफ्रासिटी/ दी रॉयल ग्रीन सिटी, आयुष रेजिडेंसी, सुंदर विहार, कृष्णापुरम कॉलोनी, रामपुर मोतीराम अड्डा, एकता नगर फेज-2 चिउटीजाम, गोरखधाम डोमनी, बहरामपुर नउवा टोला, ताल कंदला ग्राम सेमरी, गोकुल नगरी डोमिनी, प्रगति विहार ताल कंदला, विनायकपुरम ताल कंदला, भैसहा गांव, जंगल रामगढ़ उर्फ चौरी(दो एकड़ और पांच एकड़ की दो कॉलोनी ), वाटिका बिहार ताल जहदा, रामनगर करजहां(पांच एकड़) तालकंदला (6 एकड़)।