



आगरा के थाना खेरागढ़ के गांव उटगिर में गंगाजल मिशन अभियान के तहत बिछाई जा रही पाइप लाइन की खुदाई के बाद मकान भरभराकर गिर गया। इसमें एक नौ माह की बालिका की दबकर मौत हो गई। वहीं, मां अन्य दो महिला घायल हो गई। सूचना पर आननफानन में पुलिस फोर्स मौके पर पहुंच गई। मलबे को हटाकर मासूम को बाहर निकाला गया। मां-बेटी को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया। जहां पर चिकित्सकों ने बालिका को मृत घोषित कर दिया। सूचना पर एसपी खेरागढ़ उपजिलाधिकारी मौके पर आ गई। वहीं, जेसीबी से मलबे को हटाया गया। वहीं, उपजिलाधिकारी ने पीड़ित परिवार की मदद का आश्वासन दिया है।
गांव उटगिर में नट के अड्डे पर गंगाजल मिशन अभियान के तहत पाइप लाइन बिछाई जा रही थी। रामबाबू के मकान के पीछे खुदाई का काम सुबह शुरू हुआ। मकान के पीछे करीब तीन फुट की खुदाई की गई। दोपहर में करीब एक बजे मकान भरभरा कर गिर गया। मकान के पीछे के दो कमरों की दीवार व छत टूट गई। एक कमरे में अमित नौ माह की बेटी सोनाक्षी व उसकी मां मलबे में दब गई। बच्ची चार पाई पर सो रही थी।
मकान गिरने पर ग्रामीण एक जुट हो गए। सूचना पर आई पुलिस ने मलबे के मां बच्ची को निकाला। जिन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया। जहां पर बच्ची को मृत घोषित कर दिया गया। वहीं, मां के सिर हाथ अन्य जगह पर गहरी चोट आई है। रामबाबू ने बताया कि काम करने वाले ठेकेदार को मकान से दूर खुदाई करने के लिए बोला था। लेकिन उसने नहीं सुनी। सूचना पर एसीपी अहमद उपजिलाधिकारी संदीप कुमार पहुंच गए। बाद में जेसीबी की मदद से मलबे को हटाया गया। वहीं, हादसे के बाद काम कर रहे कर्मचारी मौके से भाग खड़े हुए। उपजिलाधिकारी ने बताया कि पीड़ित परिवार को आर्थिक मदद दी जाएगी। परिजन ने घायल महिला को निजी अस्पताल में भर्ती कराया है।कमरे में पांच लोग थे मौजूद
हादसे के समय एक ही कमरे में पांच लोग मौजूद थे। रामबाबू के तीन बेटे है। इनकी शादी हो चुकी है। एक ही घर में सब रहते है। तीन बहू एक ही कमरे में थी। सोनाक्षी बहू सलोनी, बहू खुशबू, बहू सजनी व उसका एक माह का बेटा था। सोनाक्षी व मां सलौनी एक चारपाई पर सो रहे थे।

मजदूरी करता है पूरा परिवार
रामबाबू के तीन बेटे राजबाबू रामू, अमित हैं। तीनों की शादी हो गई है। परिवार का भषण पोषण मजदूरी कर करते हैं। रामबाबू और रामू यहीं रह कर काम करते है। वहीं रामबाबू की पत्नी शकुंतला बेटा राजाबाबू अमित पंजाब में काम करते है।
हादसे के बाद मां का रो रो बुरा हाल
हादसे में नौ माह की बेटी की मौत के बाद मां का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। है। मां गंभीर हालत में थी। जिसको अस्पताल ले जाया गया। परिजन का आरोप है कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर केवल पट्टी बांध कर उपचार कर किया गया। उन्होंने निजी अस्पताल में जा कर इलाज लिया है।
